PehlaPanna पर आप प्रत्येक दिन सरदार कुलवंत सिंह जी के माध्यम से गुरबाणी पढ़ रहे हैं। आपको कुछ किस्तों में बताएंगे कि भाई लहणा जी कैसे गुरु अंगद देव बने। कैसे उनकी पहली बार गुरु नानक देव जी से भेंट हुई।

Gurbani 42वीं किस्त : PehlaPanna पर रोज गुरबाणी; जब पहली बार गुरु अंगद देव (तब भाई लहणा) जी गुरु नानक देव जी से मिलने पहुंचे, घोड़ी पर बैठे थे गुरु अंगद देव, जानें क्या हुआ
Updated AtMonday, December 29, 2025 at 11:50 AM