जय सियाराम। PehlaPanna पर प्रत्येक मंगलवार को आप पढ़ रहे हैं सुंदरकाण्ड की महिमा। धर्माचार्य लाल मणि पाण्डेय आपको सुंदरकाण्ड के दोहों और चौपाइयों का रहस्य समझा रहे हैं। आज 36वीं किस्त और 36वें दोहे में जानिये, मंदोदरी (Mandodari) कैसे रावण को समझाती है। श्रीराम के बाणों को सर्प के समान बताती है। लंका में भयभीत राक्षसों के बारे में बताती है।

Sundara Kanda दोहा-36 और जीवन दर्शन : मंदोदरी ने सर्प और मेंढक का उदाहरण देकर कैसे रावण को समझाया, परमात्मा का फोन नंबर कैसे मिलेगा
Updated AtMonday, March 17, 2025 at 10:35 PM