कुलदीप बिश्नोई (Kuldeep Bishnoi) के लिए यह मुश्किल वक्त है। उन्हें उम्मीद थी कि भाजपा (BJP) से लोकसभा का टिकट मिल ही जाएगा। लेकिन उनकी यह उम्मीद उस वक्त टूट गई,जब भाजपा ने रणजीत चौटाला को अपना उम्मीदवार बना लिया। अब सवाल यह है कि कांग्रेस (Congress) छोड़ कर भाजपा में आने पर आखिर उन्हें हासिल क्या हुआ? PehlaPanna पर पढ़ें मनोज ठाकुर का विश्लेषण।

Haryana Politics : कुलदीप बिश्नोई से कहां चूक हो रही है, हरियाणा की राजनीति में न खुद स्थापित हो पा रहे और न बेटे भव्य को मंत्री पद मिला, पढ़ें विश्लेषण
Updated AtWednesday, March 27, 2024 at 7:28 AM